वैदिक ज्योतिष सीखें
मूल तत्व — राशियाँ, ग्रह, भाव, नक्षत्र और योग — प्रत्येक की व्याख्या और शास्त्रों से प्रमाण, 8 भाषाओं में। कहीं से भी शुरू करें।
12 राशियाँ
वैदिक ज्योतिष की बारह राशियाँ — प्रत्येक का स्वामी ग्रह, तत्व और शास्त्रीय बल। किसी को भी देखें।
देखें →नौ ग्रह
वैदिक ज्योतिष के नौ ग्रह — प्रत्येक अपने स्वभाव, राशियों और दशा-काल के साथ एक कारक। किसी को भी देखें।
देखें →बारह भाव
वैदिक कुंडली के बारह भाव — प्रत्येक अपने कारकत्व और स्वाभाविक कारक के साथ जीवन का एक क्षेत्र। किसी को भी देखें।
देखें →नक्षत्र
वैदिक ज्योतिष के 27 नक्षत्र — प्रत्येक का स्वामी ग्रह, स्वभाव और अर्थ। किसी को भी देखने के लिए चुनें।
देखें →वैदिक ज्योतिष में योग
जीवन को आकार देने वाले शास्त्रीय ग्रह-योग — प्रत्येक वैदिक ग्रंथों में परिभाषित और आपकी कुंडली में पहचाना गया। किसी को भी देखें।
देखें →साढ़े साती
साढ़े साती शनि का ~7.5-वर्षीय गोचर है — जन्म चंद्र राशि से पहले की राशि, चंद्र राशि स्वयं, और बाद की राशि से होकर — तीन ~2.5-वर्षीय चरण। शास्त्रीय वैदिक इसे जिम्मेदारी और धीरे-धीरे, मेहनत से अर्जित विकास का समय मानता है।
देखें →Classics — मूल ग्रंथों में खोजें
Brihat Jataka और Jaimini Sutras पर RAG-खोज। प्रासंगिकता के आधार पर शीर्ष-5 श्लोक, संस्कृत + अंग्रेज़ी + स्रोत संदर्भ सहित।
देखें →